राजस्थान में लॉकडाउन / बाहर निकले लोगों से पूछताछ कर रही पुलिस; गहलोत ने कहा- लॉकडाउन को गंभीरता से नहीं लिया तो कर्फ्यू लगा देंगे


जयपुर में आईकार्ड देखकर ही वाहनों को आगे जाने दिया जा रहा।


जयपुर. मंगलवार को राजस्थान में लॉकडाउन का दूसरा दिन है। सुबह जयपुर, कोटा की सड़कों पर सन्नाटा दिखा। जयपुर में दवा, दूध और जरूरी सामान की दुकानें खुली हैं। लोग खरीददारी करते हुए नजर आए। राजधानी में पुलिस पूरी तरह से मुस्तैद नजर आई। गाड़ियों और पैदल निकल रहे लोगों से पूछताछ की।


दरअसल, प्रदेश में लॉकडाउन के पहले दिन सोमवार को बड़ी संख्या में लोग घर से बाहर निकले थे। इसके बाद मुख्यमंत्री गहलोत ने सख्त हिदायत दी। उन्होंने कहा- लॉकडाउन को ही कर्फ्यू माना जाए। लोगों ने अगर लॉकडाउन को गंभीरता से नहीं लिया तो पूरे प्रदेश में कर्फ्यू लगा दिया जाएगा। 


बेवजह बाहर दिखे तो आप 6 माह के लिए जेल भी जा सकते हैं
लॉकडाउन का उल्लंघन करने वालों पर महामारी रोग कानून-1897 के उल्लंघन का केस दर्ज हो रहा है। यह आईपीसी की धारा-188 के तहत दंडनीय है। इसके तहत उल्लंघन करने वाले काे 6 महीने तक की जेल या एक हजार रुपए जुर्माना या दोनों सजाएं साथ हो सकती हैं। केंद्रीय गृह सचिव ने सभी राज्यों के डीजीपी के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में निर्देश दिए कि लॉकडाउन को पूरी सख्ती के साथ लागू किया जाए। लोग नहीं मानें तो अन्य राज्याें में भी जल्द कर्फ्यू लग सकता है।


सख्त हुई सरकार
राज्य सरकार ने कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए मंगलवार से निजी वाहनों यानी कार और बाइक पर भी रोक लगा दी है। स्टेट हाइवे बंद कर दिया गया है, ताकि लोग एक शहर से दूसरे शहरों में न आएं।


रात 12:00 बजे से स्टेट हाइवे टोल भी बंद कर दिए गए हैं। सिर्फ घर में मेडिकल इमरजेंसी होने पर भी लोगों को लॉकडाउन में छूट दी जा रही है। जयपुर में जगह-जगह पुलिस ने चेक पोस्ट बनाए हैं। आईकार्ड देखकर ही लोगों को आगे जाने दिया जा रहा है। इनमें सरकार कर्माचारी, मेडिकल स्टाफ के लोग हैं। सबसे ज्यादा भीड़ सरकारी डिस्पेंसरी पर नजर आई। यहां भी लोगों ने एक-दूसरे के बीच करीब एक मीटर की दूरी रखी।