प्रदूषण और क्लाइमेट चेंज पर 19 मार्च से जयपुर में 50 देश चिंतन करेंगे, पहली बार मुख्यमंत्री अध्यक्षता करेंगे


जयपुर. दुनिया में सबसे बड़े और ख्यातनाम ‘वर्ल्ड विल्डरनेस कांग्रेस’ के जिस आयोजन को अभी तक केवल राष्ट्राध्यक्ष ही चेयर करते आते हैं, जयपुर में अगले महीने होने जा रहे उस आयोजन के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत चेयरपर्सन होंगे। ऐसा पहली बार होगा। हर 4 साल में आयोजित होने वाली विल्डरनेस कांग्रेस का भारत में यह 11वां आयोजन है।


इससे पहले आयोजन स्पेन में हुआ था, जहां की महारानी इस आयोजन की अध्यक्ष थीं। स्पेन से पहले मेक्सिको में राष्ट्रपति ने कार्यक्रम को चेयर किया था। साउथ अफ्रीका, नार्वे, ऑस्ट्रेलिया आदि देशों को इस कार्यक्रम की मेजबानी मिल चुकी है। चूंकि देश में पहली बार इतना बड़ा आयोजन राजधानी में होने जा रहा है, ऐसे में दूसरे कई प्रदेश सहित दुनियाभर के देशों की नजर इस आयोजन पर रहने वाली है। राज्य सरकार के सहयोग से कार्यक्रम हो रहा है, जिसकी सफलता के लिए कई बैठकें हो रही हैं। कार्यक्रम में अरबन पॉल्यूशन, इको सिस्टम, पर्यावरण, वन और वन्य-जीवन पर गूढ़ बातें होंगी।


 8 दिन देश-दुनिया के पर्यावरणविद जुटेंगे


इवेंट के एमडी व स्टेट वाइल्ड लाइफ बोर्ड के मेंबर सुनील मेहता ने बताया कि आयोजन 19 से 26 मार्च तक बिड़ला ऑडिटोरियम में होगा। 50 से ज्यादा देशों के 500 से ज्यादा मंत्री, चीफ सेक्रेट्री, एनवायरमेंटल साइंटिस्ट, वन-वाइल्ड लाइफ एक्सपर्ट अपनी खोज, रिसर्च, उपलब्धियों को साझा करेंगे। एक ‘यंग एनवायरमेंटलिस्ट’ प्रोग्राम होगा, जिसमें हजारों कॉलेज-स्कूली छात्र भाग लेंगे। टूरिज्म को बड़ा बूम मिलेगा।


महाराष्ट्र सरकार की सबसे बड़ी स्टाॅल
कार्यक्रम में कई राज्य भी भाग ले रहे हैं। महाराष्ट्र सरकार ने आयोजन के लिए 5,200 स्क्वायर फीट की स्टॉल बुक कराई है। इस पर करीब 5 करोड़ रुपए खर्च हाेंगे। इसी तरह मध्यप्रदेश, दिल्ली, पंजाब भी आयोजन में अपनी भागीदारी सुनिश्चित कराने के लिए रुचि दिखा रहे हैं। 


नेशनल जियोग्राफी का फोटोग्राफी कैंप


नेशनल जियोग्राफी की ओर से ‘अंडर प्रिविलेज’ बच्चों के लिए झालाना में फोटोग्राफी कैंप लगेगा। चैनल की विशेष टीम जयपुर आ रही है। टाटा पर्यावरण विभाग के साथ वर्कशॉप (क्लाइमेंट चेंज और पर्यावरण पर) कर रहा है। नीलेकनी फाउंडेशन, गोदरेज सहित विश्व स्तरीय संस्थाएं भाग लेंगी।