बिजली कंज्यूमरोंं को मिलेगी अधिक सुविधा, पीएम नरेंद्र मोदी की बड़ी बैठक


नई दिल्ली
प्रधानमंत्री ने कल शाम बिजली मंत्रालय और नवीन एवं नवीकरणीय (अक्षय) ऊर्जा मंत्रालय के कामकाज की समीक्षा की। इस दौरान संशोधित टैरिफ पालिसी तथा बिजली क्षेत्र की समस्याओं को दूर करने के लिए बिजली (संशोधन) विधेयक 2020 सहित नीतिगत पहलों पर चर्चा की गई।

उपभोक्ता संतुष्टि बढ़ाने पर जोर
बिजली मंत्रालय की तरफ से आज यहां जारी एक बयान के मुताबिक बैठक के दौरान प्रधानमंत्री ने पावर सेक्टर में आपरेशनल इफिशिएंसी बढ़ाने, और इस क्षेत्र की फाइनेंसियल स्टेबिलिटी में सुधार करते हुए उपभोक्ता संतुष्टि बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बिजली क्षेत्र, विशेष रूप से बिजली वितरण में अलग अलग राज्यों या क्षेत्र की समस्या अलग अलग है। इसलिए मंत्रालय को सभी के लिए एक समाधान ढूंढने के लिए राज्यवार या क्षेत्रवार समाधान ढूंढा और लागू किया जाना चाहिए।


DISCOMs अपना performance parameters प्रकाशित करें
उन्होंने बिजली मंत्रालय को यह सुनिश्चित करने की सलाह दी कि DISCOMs समय-समय पर अपने प्रदर्शन मापदंडों (performance parameters) को प्रकाशित करें ताकि लोगों को पता चले कि उनके DISCOM ने अन्य DISCOMs की तुलना में किस तरह से बिजली का बिल वसूला है या सुविधाएं दी हैं। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि बिजली के क्षेत्र में जो भी सामान का उपयोग हो, वह भारत में बना हो।


अक्षय ऊर्जा क्षेत्र में अपनाएं Holistic approach
प्रधानमंत्री ने नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा कृषि क्षेत्र की संपूर्ण आपूर्ति श्रृंखला के लिए सोलर वाटर पंप से लेकर डिसेंट्रलाइज्ड सोलर कोल्ड स्टोरेज लगाने के बारे में पूर्णतावादी दृष्टिकोण (holistic approach) की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने रूफटॉप सोलर को बढ़ावा देने के लिए इनोवेटिव मॉडल पर भी जोर दिया और चाहा कि प्रत्येक राज्य के पास एक शहर (या तो एक राजधानी शहर या कोई प्रसिद्ध पर्यटन स्थल) हो, जिसमें रूफटॉप सौर ऊर्जा उत्पादन के माध्यम से पूरी तरह से शहर रौशन होंं। इस तरह से वह सौर शहर के रूप में विकसित होगा। उन्होंने सोलर बिजली बनाने के लिए उपयोग होने वाले सोलर सेल, इंगट, माड्यूल आदि को देश में ही बनाने के लिए इको सिस्टम विकसित करने पर जोर दिया। इससे भारत न सिर्फ इस दिशा में आत्मनिर्भर होगा बल्कि इस क्षेत्र में रोजगार के भी नए अवसर सृजित होंगे।


लद्दाख की योजना में लायें तेजी
प्रधानमंत्री ने कार्बन न्यूट्रल लद्दाख की अक्षय ऊर्जा की योजना में तेजी लाने की इच्छा जताई और सौर और पवन ऊर्जा का उपयोग करके तटीय क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति पर जोर दिया।