लॉकडाउन में गई नौकरी, मां की दवाई के पैसे नहीं थे, दी जान


लखीमपुर-खीरी
उत्तर प्रदेश के लखीमपुर-खीरी में 50 साल के एक शख्स ने कथित तौर पर बेरोजगारी से तंग आकर जान दे दी। शख्स ने ट्रेन के सामने आकर आत्महत्या कर ली। मरने वाले शख्स का नाम भानु प्रकाश गुप्ता था। वह शाहजहांपुर के एक रेस्टोरेंट में काम करते थे। सुसाइड नोट में उन्होंने बेरोजगारी से तंग आकर खुदकुशी करने की बात लिखी। भानु ने लिखा कि लॉकडाउन की वजह से उनकी नौकरी चली गई थी।


लखीमपुर-खीरी के थाना मैगलगंज इलाके के बस्ती खखरा के रहने वाले भानु प्रकाश गुप्ता लॉकडाउन से पहले पड़ोसी जिले शाहजहांपुर में एक रेस्टोरेंट पर काम करते थे। लेकिन, लॉकडाउन के बाद भानु अपने गांव वापस आ गए और बेरोजगारी व मां का स्वास्थ्य खराब होने के चलते दवाइयों के अभाव में परेशान हो गए।


'...सुसाइड के अलावा कोई रास्ता नहीं दिख रहा'
भानु ने अपने सुसाइड नोट में लिखा है कि राशन तो मिल रहा है, लेकिन घर की और जरूरत नहीं पूरी हो रही है। मां की तबीयत भी खराब है। ऐसे में सुसाइड के अलावा कोई रास्ता नहीं दिख रहा।


बहन ने बताया घर की आर्थिक हालत नहीं थी ठीक
बहन रेनू ने कहा कि घर की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी और दूसरी दिक्कतें भी थीं। मां की तबीयत खराब थी इसलिए शायद भाई ने आत्महत्या कर ली। डीएम शैलेंद्र कुमार सिंह ने कहा कि सुसाइड नोट बरामद हुआ है, उससे स्पष्ट है कि राशन मिल रहा था। इसके अलावा जो भी आगे लिखा हुआ है उसको देखकर कार्रवाई की जाएगी।