अजित पवार फिर बन सकते हैं डेप्‍युटी सीएम, कांग्रेस और शिवसेना की भी रजामंदी!


मुंबई
महाराष्‍ट्र में करीब 80 घंटे तक अपने चाचा शरद पवार के साथ बगावत करने के बाद 'घर वापसी' करने वाले अजित पवार दोबारा राज्‍य के डेप्‍युटी सीएम बन सकते हैं। सूत्रों के मुताबिक बीजेपी से नाता तोड़कर अजित पवार की एनसीपी में वापसी के बाद अब डेप्‍युटी सीएम बनाए जाने को लेकर शिवसेना और कांग्रेस भी तैयार हैं। उन्‍होंने बताया कि अजित पवार को लेकर अंतिम फैसला एनसीपी सुप्रीमो शरद पवार को करना है।

राज्‍य में कांग्रेस, एनसीपी और शिवसेना के विधायक दल के नेता चुने गए शिवसेना चीफ उद्धव ठाकरे गुरुवार शाम को एक भव्‍य समारोह में शपथ ग्रहण करने जा रहे हैं। सूत्रों ने बताया कि अजित पवार को डेप्‍युटी सीएम बनाने के लिए जयंत पाटिल उनके लिए रास्‍ता छोड़ सकते हैं। बताया जा रहा है कि अजित पवार को दोबारा एनसीपी विधायक दल का नेता भी चुना जा सकता है। इस बीच मुंबई में एनसीपी विधायकों की बैठक के बाद अजित पवार ने कहा कि मुख्यमंत्री का शपथग्रहण कल होगा। मैंने अपने विधायकों को उस कार्यक्रम के बारे में सूचित किया है और उन्हें बताया कि हम सभी को वहां रहना है।

'अजित पवार को डेप्‍युटी सीएम का पुरस्‍कार'
सूत्रों ने बताया कि शरद पवार अब घर वापसी करने के कारण अजित पवार को डेप्‍युटी सीएम का पुरस्‍कार दे सकते हैं। उन्‍होंने बताया कि जल्‍द ही इसकी घोषणा की जा सकती है। इस पूरे मामले में शिवसेना और कांग्रेस का कहना है कि अजित पवार विवाद एनसीपी का आंतरिक मामला है। बता दें कि नई सरकार में दो डेप्युटी सीएम बनाए जा सकते हैं। इस रेस में कांग्रेस के कोटे से बालासाहेब थोराट और एनसीपी के कोटे से जयंत पाटिल का नाम सबसे आगे चल रहा है लेकिन अजित पवार की घर वापसी के बाद अब समीकरण बदलते नजर आ रहे हैं।


इस बीच एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार के घर पर तीनों पार्टियों के नेताओं की बैठक बुलाई गई है। माना जा रहा है कि इस बैठक के बाद अजित पवार को डेप्‍युटी सीएम बनाने की घोषणा की जा सकती है। इस बैठक में शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे और कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी के राजनैतिक सलाहकार अहमद पटेल के अलावा महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष बालासाहेब थोराट, पृथ्वीराज चव्हाण और मल्लिकार्जुन खड़गे भी शामिल हो रहे हैं।

एनसीपी बोली- अजित का ओहदा नहीं बदला
अजित पवार ने कहा है कि मंत्री पद को लेकर उनकी पार्टी जो भी फैसला लेगी, वह उन्हें मंजूर होगा। हालांकि जब उनसे सवाल किया गया कि वह बीजेपी के साथ क्यों गए तो उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया। इधर, एनसीपी नेता नवाब मलिक ने कहा, 'आखिर में उन्होंने (अजित पवार) ने अपनी गलती मान ली। यह पारिवारिक मामला है और पवार साहब ने उन्हें माफ कर दिया है। वह (अजित) पार्टी के बेहद करीब हैं और एनसीपी में उनका ओहदा नहीं बदला है।'

अजित बड़ी भूमिका में होंगे: राउत
दूसरी ओर शिवसेना की तरफ से भी संकेत दिए जा रहे हैं कि अजित को मंत्री पद दिया जा सकता है। शिवसेना प्रवक्ता संजय राउत ने कहा, 'अजित पवार गठबंधन में एक बड़ी भूमिका में होंगे। देखिए कितना बड़ा काम करके आए हैं।' उन्होंने पत्रकारों से बातचीत में यह भी कहा कि वह पहले से ही कह रहे थे कि अजित पवार वापस आ जाएंगे।

अजित पवार को वित्‍त विभाग!
महाराष्‍ट्र में सरकार बनाने का रास्‍ता साफ होने के बाद राज्‍य में मंत्रालयों के बंटवारे को लेकर तस्‍वीर भी कुछ साफ होती दिख रही है। सूत्रों के मुताबिक उद्धव ठाकरे के नेतृत्‍व वाली सरकार में अजित पवार डेप्‍युटी सीएम बन सकते हैं और उन्‍हें वित्‍त विभाग दिया जा सकता है। शरद पवार के करीब जयंत पाटिल को गृह विभाग मिल सकता है। नई सरकार में धनंजय मुंडे को बिजली मंत्रालय मिल सकता है।